गले पर सांकेतिक फ ांसी का फं दा बांधकर कार्मिकों ने जताया विरोध

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देहरादून(नगर संवाददाता)। उत्तराखंड विधानसभा से बर्खास्त कर्मचारियों ने बहाली की मांग को लेकर आज अनिश्चितकालीन धरने के 14वें दिन भी विधानसभा के पास प्रदर्शन करते हुए अपने धरने को जारी रखा और कहा कि जब तक मांगों का समाधान नहीं हो जाता तब तक धरने को जारी रखा जायेगा और आंदोलन को तेज किया जायेगा। इस अवसर पर बर्खास्त कार्मिकों ने गले पर सांकेतिक फांसी का फंदा बांधकर अपना विरोध दर्ज किया। यहां डिफेंस कालोनी के पास उत्तराखंड विधानसभा से बर्खास्त कर्मचारियों ने अपनी बहाली की मांग को लेकर प्रदर्शन कर घरने पर बैठे रहे और इस अवसर पर नव वर्ष पर अपनी भावनाओं को इस प्रकार से व्यक्त किया। इस अवसर पर बर्खास्त कार्मिकों ने गले पर सांकेतिक फांसी का फंदा बांधकर अपना विरोध दर्ज किया।
इस अवसर पर बर्खास्त कर्मचारियों ने कहा कि न्याय न मिला तो आत्मदाह करने के लिए मजबूर होंगें और जिसकी जिम्मेदारी विधानसभा अध्यक्ष एवं सरकार की होगी। इस अवसर पर बर्खास्त कर्मचारियों ने कहा कि लगातार उनका अहित किया जा रहा है और 2००० से लेकर 2०22 तक की भर्तियों की जांच की जानी चाहिए। इस अवसर पर बर्खास्त कर्मचारियों ने कहा कि अब जब विधानसभा में बैकडोर भर्ती से 2००1 से 2०21 तक सभी को समान प्रक्रिया से नियुक्ति मिली है तो ऐसा क्यों हुआ कि किसी को बिना सुने बाहर का रास्ता दिखाया दिया गया।
बर्खास्त कर्मचारियों ने कहा कि किसी को बचाया जा रहा है। कर्मचारियों ने कहा है कि विधानसभा अध्यक्ष ने माना है एवं डी के कोटिया कमेटी की रिपोर्ट में भी 2००1 से 2०21 तक विधानसभा में अवैध भर्ती हुई है तो यह सवाल लाजिमी है कि सिर्फ 2०16 एवं उसके बाद नियुक्त कार्मिकों को ही क्यों हटाया गया। यह एक विचारणीय प्रश्न है। विधानसभा अध्यक्ष का इस मामले पर अभी भी मीडिया के सामने कोई जवाब नहीं आया है। जिससे बर्खास्त कर्मचारियों में रोष बना हुआ है। इस दौरान कौशिक भैसोड़ा, सुजीत थपलियाल, मोनिका सेमवाल, हेमलता जोशी, बबीता तिवारी, मीनाक्षी, रिशु सूर्या, दीपक सिंह, गोपाल नेगी, राहुल कुमार, केदार सिंह, अमित मंमगाई, भूपेंद्र प्रसाद, नंदू भट्ट, भगवती, धर्मेंद्र सिंह कार्की, अरविंद सिंह भंडारी, राजकिशोर, हेमंत जोशी, रविंद्र सिंह रावत, ओम प्रकाश, राजीव शाह, कपिल धोनी, शिवराज सिंह धानक, मनाली शर्मा, दया नगरकोटी सहित अन्य कर्मचारी मौजूद थे।

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