विकासनगर(संवाददाता)। जन संघर्ष मोर्चा के अध्यक्ष एवं जीएमवीएन के पूर्व उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी ने कहा कि कुछ दिनों से तमाम राजनैतिक दल आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए 1००, 2००, 3०० यूनिट मुफ्त बिजली देने की बात कर रहे हैं, जिससे जनता को अत्याधिक सचेत रहने की जरूरत है और इस मामले में जनता को राजनैतिक दलों से शपथ पत्र लेने की आवश्यकता है।
यहां जारी एक बयान में नेगी ने कहा कि प्रदेश की जनता को सबसे पहले यह समझना होगा कि विभाग द्वारा प्रतिमाह प्रति 1०० यूनिट पर विद्युत दर एवं फिक्स्ड चार्जेस निर्धारित किए हुए हैं, जिसके तहत वर्तमान में विभाग द्वारा प्रतिमाह 1०० यूनिट तक विद्युत मूल्य 2.8० रूपये, 2०० यूनिट तक 4.०० रुपये, 4०० यूनिट तक 5.5० रूपये तथा 4०० यूनिट से अधिक पर 6.25 रूपये निर्धारित किया हुआ है। उन्होंने कहा कि इसी प्रकार फिक्स्ड चार्जेस प्रतिमाह 1०० यूनिट तक 6० रुपये, 2०० यूनिट तक 12० रुपये, 4०० यूनिट तक रूपये 2०० तथा 4०1 यूनिट से अधिक पर घ्3०० निर्धारित किया हुआ है द्य अगर गत वर्ष 2०2०- 21 की बात की जाए तो विद्युत दर रूपये 2.8०, 3.75, 5.15, 5.9० निर्धारित थी तथा फिक्स चार्जेस रुपए 6०-95-165- 26० निर्धारित था।
नेगी ने कहा कि वहीं दूसरी ओर वितरण हानियां वर्ष 2०18-19 में 14.32 फीसदी तथा 2919-2० में 13.4० फीसदी थी एवं इसी प्रकार एटी एंड सी हानियां वर्ष 2०18-19 में 16.52 तथा 2०19-2० में 2०.44 फीसदी थी द्य अगर बात विद्युत खरीद की करें तो विभाग ने वर्ष 2०18-19 में 14०83.69 एमयू तथा 2०19-2० में 14139.31 एमयू खरीद की। नेगी ने कहा कि विद्युत स्लैब, फिक्स्ड चार्जेस व विद्युत हानियां मिलकर बिजली की दरों में बढ़ोतरी कर रही हैं, जिस पर होमवर्क किए जाने की आवश्यक है द्य आज जरूरत फिक्स्ड चार्जेस समाप्त करने तथा विद्युत स्लैब 1०० की जगह 2०० यूनिट करने की है। उन्होंने कहा कि मोर्चा ने जनता को आगाह किया कि इन राजनीतिक दलों के केंद्रीय आकाओं से शपथ पत्र लें कि सत्ता पाते ही 1००-2०० यूनिट बिजली मुफ्त देने के एवज में फिक्स्ड चार्जेसध्विद्युत कीमतें बढ़ाकर व अन्य टैक्स लगाकर जनता को ठगने का काम नहीं करेंगे।
