आवाम में धुरंधर का दिख रहा इकबाल
आस्था और पर्यटन में सीएम ने लगा दिये चारचांद
प्रमुख संवाददाता
देहरादून। मुख्यमंत्री ने उत्तराखण्ड को अपने अल्प कार्यकाल मे विकास की जिस नई गाथा को आगे बढाया है उसके चलते वह उत्तराखण्ड ही नहीं बल्कि देशभर मे धाकड़ मुख्यमंत्री के रूप मे अपनी दबंग छवि बना चुके हैं। मुख्यमंत्री ने माफियाओं और अपराधियों के सामने अपनी दबंग छवि पेश कर रखी है तो वहीं आवाम के सामने उनका रूप फ्लावर ही दिखाई दे रहा है और उसी के चलते उत्तराखण्ड का आवाम उन्हें अपना दिल अजीज मुख्यमंत्री मान रहा है। मुख्यमंत्री ने उत्तराखण्ड को आदर्श राज्य बनाने को लेकर जो लम्बी छलांग लगाई है उससे उत्तराखण्ड कांग्रेस के दिग्गज राजनेताओं को 2027 में होने वाले चुनाव में मुख्यमंत्री की सल्तनत को पलटना एक बहुत बडी चुनौती बनता जा रहा है? मुख्यमंत्री ने आवाम की नब्ज पहचानते हुए उन्हें संदेश दे रखा है कि उत्तराखण्ड का एक-एक नागरिक उनका परिवार है और उनके लिए राजनीति सिर्फ एक सेवा है और वह अपने कार्यकाल में सेवाभाव से उत्तराखण्ड की जनता के दिलों में बसते रहेंगे तथा जो उत्तराखण्ड विकास की राह पर थम गया था उस उत्तराखण्ड को वह तेजी के साथ आगे ले जायेंगे जिससे कि देश-विदेश के लोग यह गर्व कर सकें कि उत्तराखण्ड के एक युवा मुख्यमंत्री ने उत्तराखण्ड की तस्वीर ही बदल कर रख दी है।
उत्तराखण्ड के अन्दर पर्यटन और आस्था के ऐसे-ऐसे पथ थे जिनको संवारने के लिए राज्य के अधिकांश पूर्व मुख्यमंत्रियों ने कोई पहल ही नहीं की जिसके चलते राज्य में देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों और श्रद्धालुओं को राज्य के अन्दर एक नई अनुभूति नहीं होती थी क्योंकि उन्हें वहीं पुराने पर्यटन स्थल और कुछ आस्था के पथ ही जाना पडता था। वहीं जबसे राज्य की कमान युवा मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने संभाली है तबसे उन्होंने उत्तराखण्ड के चप्पे-चप्पे पर स्थित गुमनाम दिखाई देने वाले पर्यटन स्थलों को गुलजार करने की दिशा में एक बडे विजन के साथ काम किया और उन्हें इस तरह से एक नई पहचान दिला दी कि आज बडे-बडे फिल्मकार इन पर्यटन स्थलों पर अपनी टीम के साथ शूटिंग करने के लिए आ रहे हैं और सरकार भी उन्हें फिल्म बनाने में अपना पूरा साथ दे रही है जिससे कि उत्तराखण्ड के बेरोजगारों को भी खूब रोजगार मिल रहा है। मुख्यमंत्री पुष्कर ंिसह धामी ने राज्य के अधिकांश जनपदों में आस्था के वो पथ तलाशे जहां श्रद्धालुओं का आवागमन कम होता था क्योंकि उसके बारे में श्रद्धालुओं को इसकी जानकारी ही नहीं होती थी। आज पर्यटन और आस्था के पथ को गुलजार करने के लिए मुख्यमंत्री ने जिस विजन के साथ काम किया है उसके चलते देश-विदेश के पर्यटकों और श्रद्धालुओं का उत्तराखण्ड के अन्दर आगमन तेजी के साथ बढ़ता जा रहा है। मुख्यमंत्री ने पर्यटन और आस्था के पथ पर पर्यटकों और श्रद्धालुओं को सुगम और जल्द पहुंचाने के लिए हवाई सेवाओं का जो बडा बेडा तैयार किया है उससे अब घंटो का सफर मिनटो में होने से पर्यटन और आस्था के पथ पर पहुंचना आसान हो गया और उसके चलते वहां का माहौल गुलजार होता जा रहा है।
गौरतलब है कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के मन मे एक लम्बे अर्से से इस बात की पीड़ा जरूर होगी कि उन्हें भाजपा सरकारों के कार्यकाल मे कभी मंत्री बनाने के लिए किसी भी पूर्व मुख्यमंत्री ने अपनी हरी झण्डी क्यों नहीं दी थी? सैनिक पुत्र पुष्कर सिंह धामी युवाओं के बीच लम्बे समय से अपनी प्रसिद्धि के झंडे गाडे हुये थे और वह छात्र राजनीति मे भी अपनी एक बडी धमक रखते थे लेकिन उनकी तेज तर्रार कार्यशैली से कहीं न कहीं भाजपा के काफी नेता उन्हें सत्ता मे आगे बढाने से बचते रहे? उत्तराखण्ड मे खटीमा से विधायक पुष्कर सिंह धामी पर जब भाजपा हाईकमान की नजर पडी तो उन्हें मुख्यमंत्री बनाने के लिए हरी झंडी दे दी गई थी और सरकार चलाने के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने पुष्कर सिंह धामी को एक बडा गुरूमंत्र दिया था। प्रधानमंत्री के मंत्र को धारण कर मुख्यमंत्री ने सरकार चलाने के लिए अपने कदम आगे बढाये और राज्य की जनता का दिल कैसे जीता जाये इसका पूरा खाका तैयार करने के बाद उन्होंने अपने आपको आवाम का जनसेवक मानकर उनके बीच जाने का जो सिलसिला शुरू किया उसके चलते उनकी प्रसिद्धि का ग्राफ आसमान छूने लगा है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी पहले ऐसे मुख्यमंत्री बने जिनको लेकर कभी भी भाजपा खेमे के विधायक या मंत्रियों ने दिल्ली मे जाकर यह शोर नहीं मचाया कि उनका मुख्यमंत्री सरकार व संगठन से अपने आपको बडा समझते हैं? मुख्यमंत्री ने अपने अब तक के कार्यकाल मे सरकार व संगठन को साथ लेकर चलने का जो दौर शुरू किया था वह दौर आज भी देखने को मिल रहा है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी पार्टी कार्यकर्ताओं से लेकर नेताओं केे साथ अकसर मुलाकाते करते हैं और पार्टी को किस तरह से मजबूत बनाकर रखना है इसका भी वह समय-समय पर पार्टी नेताओं व कार्यकर्ताओं को पाठ पढाते रहते हैं। मुख्यमंत्री के अब तक के कार्यकाल मे उन पर कोई भी भ्रष्टाचार या घोटाले का दाग नहीं लगा है जिसके चलते आवाम उन्हें बेदाग मानकर उनका साथ देने के लिए हमेशा अगली पक्ति मे खडी दिखाई दे रही है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और उनकी किचन टीम के मंत्रियों ने उनका राजनीति इकबाल बुलंद करने के लिए उनकी झोली मे एक के बाद एक बडी-बडी विकास योजनायें डाली है उससे उत्तराखण्ड विकास की नई उडान पर तेजी के साथ उडता जा रहा है।
