लम्बे युग तक सीएम बनने का दे रही आशीर्वाद
उत्तराखण्ड बोल रहाः धामी के नेतृत्व में होगा विधानसभा चुनाव
प्रमुख संवाददाता
देहरादून। उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री ने चार साल के भीतर महिलाओं के मन में डबल इंजन सरकार का जो विश्वास जगाया है उसी का परिणाम है कि आज राज्य के किसी भी जिलें में जब मुख्यमंत्री पहुंचते हैं तो वहां महिलायें उनके सम्मान में आगे खडी हुई नजर आती है और वह हर बार मुख्यमंत्री को लम्बे युग तक सीएम बने रहने का आशीर्वाद देती हुई दिखाई दे रही हैं। बुजुर्ग महिलायें अपने बीच फ्लावर की तरह खिलने वाले मुख्यमंत्री को पाकर अकसर भावुक हो जाती हैं और वह उन्हें अपने बेटे की तरह दुलार देकर उसके सिर पर यह कहकर हाथ रखती हैं कि मेरे लॉडले तुझे किसी की नजर न लगे। बुजुर्ग महिलाओं को यह देखकर खुशी होती है कि उनका मुख्यमंत्री उनके बीच आकर उनके सामने दोनो हाथ जोडकर जिस तरह से उनसे आशीर्वाद ले रहा है वह राजनेता कम परिवार का सदस्य ही नजर आता है। उत्तराखण्ड का इतिहास रहा है कि महिलाओं ने जिस राजनीतिक दल को चुनाव के अन्दर अपना आशीर्वाद दिया उसी की सत्ता राज्य में बनती रही। मुख्यमंत्री बच्चों व बुजुर्ग महिलाओं के दिलों में इस कदर बस चुके हैं कि उसे देखकर यही बात उभरती है कि ऐसा मुख्यमंत्री उत्तराखण्ड को पहले क्यों नहीं मिला?
उत्तराखण्ड में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जिस विजन के साथ मातृशक्ति को स्वरोजगार से जोडने की दिशा में अपने कदम आगे बढाये हैं उसके चलते आज मातृशक्ति अपने पैरों पर खुद खडी हो चुकी हैं और वह स्वरोजगार के क्षेत्र में अपने नाम का डंका बजाकर उत्तराखण्ड का नाम रोशन कर रही है उससे यह साफ नजर आ गया कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी एक बडे विजन के राजनेता हैं। आज जहां भी मुख्यमंत्री अपने कदम रखते हैं वहां मातृशक्ति उन्हें अपना आशीर्वाद देने के लिए आगे बढ जाती हैं और वह उन्हें खुला आशीर्वाद दे रही हैं कि वह उनके लॉडले हैं और उनके लॉडले ने जो उत्तराखण्ड की तस्वीर बदल दी है उसके चलते आज हर कोई यह कह रहा है कि मुख्यमंत्री एक दशक तक राज्य के सरताज रहेंगे। मुख्यमंत्री ने उत्तराखण्ड की राजनीति में जो एक लम्बी लकीर खींची है उसी के चलते वह आज देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और अमित शाह के तारे बन चुके हैं औॅर हर कोई यह कहने से नहीं चूक रहा कि 2027 में होने वाले विधानसभा चुनाव मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में ही होगा।
उल्लेखनीय है कि चम्पावत जिला अब मुख्यमंत्री की विधानसभा है और उसे सजाने सवारने की दिशा में मुख्यमंत्री ने जिस विजन के साथ अपनी टीम के साथ काम करना शुरू कर रखा है उसे देखकर चम्पावत की जनता को अपने मुख्यमंत्री पर खूब नाज हो रहा है। मुख्यमंत्री ने अपनी विधानसभा के लोगों को दून आने से बचाने के लिए चम्पावत में ही अपना मिनी कार्यालय खोल रखा है जहां कोई भी व्यक्ति अपनी बात और कोई भी परेशानी लेकर वहां जाता है और उसकी वो समस्या तत्काल खत्म हो जाती है। कुल मिलाकर कहा जाये तो उत्तराखण्ड के अन्दर जबसे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की ताजपोशी हुई है उन्होंने निराले रूप में सत्ता चलाने का जो पैमाना तय किया वह राज्यवासियों को इस कदर रास आ रहा है कि वह मुख्यमंत्री की सादगी और उनके हसमुख चेहरे को देखकर बार-बार उन्हें यही आशीर्वाद दे रहे हैं कि अब वह उत्तराखण्ड के रक्षक और भाग्यविधाता हैं जो एक लम्बे युग तक राज्य में सत्ता पर कायम रहेंगे।

