प्रमुख संवाददाता
देहरादून। उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री ने जिस सादगी और हसमुख अंदाज में सत्ता चलाने के लिए अपने कदम आगे बढा रखे हैं उससे उनका राजनीतिक कद उत्तराखण्ड से लेकर दिल्ली तक में इतना बडा हो चुका है कि जहां पर पहुंचना किसी भी राजनेता के लिए सम्भव नहीं होता? उत्तराखण्ड में जब भी देश के रक्षामंत्री ने अपने कदम रखे तो उन्हांेने राज्य के मुख्यमंत्री को फ्लावर और फायर मुख्यमंत्री के नाम से उनका गुणगान किया और साफ कहते आ रहे हैं कि राज्य के मुख्यमंत्री ने जिस तरह से उत्तराखण्ड को भ्रष्टाचार और घोटाले से मुक्त करने का मिशन शुरू कर रखा है उसी का परिणाम है कि आज राज्य की जनता भाजपा पर असीम विश्वास कर रही है। रक्षामंत्री ने देहरादून में एक बार फिर जिस तरह से राज्य के मुख्यमंत्री की पीठ खुलेआम थपथपाई उससे साफ संदेश चला गया कि राज्य के मुख्यमंत्री देश के रक्षामंत्री की नजरों मंे किसी हीरो से कम नहीं है जो हसमुख चेहरे से किसी का भी दिल जीत लेते हैं। मुख्यमंत्री को जिस तरह से उत्तराखण्ड से लेकर दिल्ली तक में भाजपा के दिग्गज राजनेता और केन्द्रीय मंत्री राज्य के विकास में उनका साथ देने के लिए आगे आ रखे हैं वह मुख्यमंत्री की सौम्यता का ही परिणाम है और राज्य के मुख्यमंत्री ने 2024 को लेकर अभी से ही जो रणनीति बनानी शुरू की है उससे विपक्ष भी मुख्यमंत्री की इस रणनीति के आगे धडाम दिखाई दे रहा है?
उत्तराखण्ड के युवा विधायक पुष्कर सिंह धामी को जब मुख्यमंत्री की कमान सिर्फ छह माह के लिए सौंपी गई थी तो विधानसभा चुनाव में पार्टी के प्रचार के लिए आये देश के रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने जहां-जहां चुनावी रैलियां की थी वहां उन्होंने आवाम को साफ संदेश दिया था कि उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी जहां आवाम के लिए फ्लावर हैं वहीं वह भ्रष्टाचारियों और घोटालेबाजों के लिए फायर भी हैं। देश के रक्षामंत्री ने जब भी उत्तराखण्ड में दस्तक दी तो उन्होंने हमेशा राज्य के मुख्यमंत्री द्वारा पारदर्शिता के साथ चलाई जा रही सरकार को लेकर उनकी खुलकर पीठ थपथपाई और यही कारण है कि केन्द्र के बडे-बडे भाजपा नेता और केन्द्रीय मंत्री भी मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को एक सफल मुख्यमंत्री बताकर उनकी पीठ थपथपाते आ रहे हैं। काफी केन्द्रीय मंत्रियों ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को उत्तराखण्ड के विकास के लिए अब तक बडी-बडी विकास योजनाओं का जो तोहफा दिया है वह यह बताने के लिए काफी है कि वह पुष्कर सिंह धामी के उत्तराखण्ड को आदर्श राज्य बनाने के लिए उनके साथ किस तरह से कंधे से कंधा मिलाकर खडे हुये हैं। उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को सबसे बडा साथ देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का मिला हुआ है जो उत्तराखण्ड को आदर्श राज्य बनाने के लिए हमेशा आगे आ रहे हैं और राज्य पर जब भी कोई संकट आकर खडा हुआ तो प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सीधे पुष्कर सिंह धामी को फोन कर उन्हें केन्द्र से हर संभव सहायता देने का ऐलान किया और जोशीमठ में आये संकट में भी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी राज्य के मुख्यमंत्री के साथ खडे हुये दिखाई दिये जिससे मुख्यमंत्री एक बडे हौसले के साथ जोशीमठ में आये संकट को दूर करने के लिए वहां अंगद की तरह खडे हो रखे हैं। देश के रक्षामंत्री राजनाथ सिंह एक बार फिर उत्तराखण्ड की राजधानी दून आये तो उन्होंने सैनिकों के कार्यक्रम मंे एक बार फिर जिस तरह से राज्य के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की पारदर्शिता के साथ सरकार चलाने पर उनकी जमकर पीठ थपथपाई उससे उन राजनेताओं की नींद उड गई जो राज्य के मुख्यमंत्री को किसी न किसी बहाने कमजोर करने का ख्वाब देखते रहते हैं। देश के रक्षामंत्री राजनाथ सिंह द्वारा पुष्कर सिंह धामी की पीठ थपथपाना कहीं न कहीं यह संदेश दे गया कि पुष्कर सिंह धामी राजनाथ सिंह की नजरों में राजनीति के बडे हीरो हैं।