देहरादून(नगर संवाददाता)। उत्तराखंड क्रांति दल का गुटीय विवाद दूसरे दिन भी सड़क पर जारी रहा और जहां पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार दल का स्थापना दिवस केन्द्रीय कार्यालय में आहूत किया और इस दौरान किसी भी प्रकार का विवाद व हंगामा न हो के लिए भारी पुलिस बल तैनात किया गया और इस बीच केन्द्रीय अध्यक्ष काशी सिंह ऐरी की अध्यक्षता में दल का 45वां स्थापना दिवस मनाया जा रहा था और इस दौरान पूर्व केन्द्रीय मीडिया प्रभारी एवं महिला प्रकोष्ठ की पूर्व अध्यक्ष सुलोचना ईष्टवाल सहित अनेकों निष्कासित कार्यकर्ता कार्यालय के बाहर इकटठा हुए और स्थापना दिवस समारोह में जाने की जिद करने लगे लेकिन वहां पर पुलिस बल के तैनात होने के कारण उन्हें अंदर प्रवेश नहीं करने दिया और घंटों तक वहीं पर नारेबाजी के बीच हंगामा करने लगे। इस बीच सभी निष्कासितों ने दल के खिलाफ जोरदार नारेबाजी शुरू कर दी और इस दौरान दोपहर बाद पुलिस ने सभी को गिरफ्तार कर पुलिस लाईन ले गई।
यहां उत्तराखंड क्रांति दल के पूर्व केन्द्रीय मीडिया प्रभारी, महिला प्रकोष्ठ की पूर्व अध्यक्ष सुलोचना ईष्टवाल व उनके समर्थकों का दल के स्थापना दिवस कार्यक्रम में पहुंचे तो पुलिस ने उन्हें रोक लिया और भीतर नहीं जाने दिया और इससे वह सभी नाराज हो गये और वहां पर उन्होंने प्रदर्शन किया। यह दौर काफी देर तक चलता रहा और दोपहर बाद एक बार फिर से निष्कासितों ने दल विरोधी नारेबाजी शुरू कर दी और वहीं दूसरी ओर से काशी सिंह ऐरी जिंदाबाद यूकेडी जिंदाबाद के नारे लगाये गये।
इस दौरान पुलिस ने सभी को गिरफ्तार कर लिया और पुलिस लाइन ले गई। इस बीच दल के केन्द्रीय अध्यक्ष काशी सिंह ऐरी ने स्थापना दिवस को संबोधित करते हुए कहा कि कुछ लोग दल को बदनाम करने की कोशिश कर रहे है और जिन्हें सबक सिखाया जायेगा और ऐसे लोगों को बाहर का रास्ता दिखा दिया गया है। उन्होंने कहा कि दल को मजबूत करने का काम किया जा रहा है और आने वाले निकाय चुनाव में दमदार प्रत्याशियों को चुनावी मैदान में उतारा जायेगा। इस अवसर पर शांति प्रसाद भटट ने कहा कि जब जब दल मजबूत हुआ है तो कुछ लोगों ने दल को कमजोर करने का काम किया है और वह लोग भटक गये है और ऐसी ताकत के खिलाफ हम लड रहे है। उन्होंने कहा कि मौलिक अधिकार सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य व रोजगार प्रमुख है और जनता के साथ सरकार खिलवाड़ कर रही है और इसके लिए संघर्ष किया जायेगा। इस अवसर पर अनेक वक्ताओं ने संबोधित किया। इस अवसर पर संरक्षक त्रिवेन्द्र सिंह पंवार, कार्यकारी अध्यक्ष ए पी जुयाल, पूर्व अध्यक्ष दिवाकर भटट, पूर्व विधायक पुष्पेश त्रिपाठी, प्रमिला रावत, उत्तरा पंत बहुगुणा, रमा चौहान, किरन रावत कश्यप, शकुन्तला रावत, लताफत हुसैन, जय प्रकाश उपाध्याय, विजय कुमार बौडाई, विपिन रावत, सुरेन्द्र कुकरेती, प्रताप सिंह कुंवर, बहादुर सिंह रावत, सुनील ध्यानी, पंकज व्यास, राजेन्द्र सिंह बिष्ट सहित अन्य कार्यकर्ता शामिल रहे। स्थापना दिवस का संचालन अधिवक्ता विजय कुमार बौडाई ने किया।
