प्रमुख संवाददाता
देहरादून। उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी जो राज्य के अन्दर फ्लावर भी हैं और फायर भी, उन्होंने राजधानी में सोनिका के रूप में दुर्गा को एमडीडीए में हो रहे भ्रष्टाचार और अवैध निर्माणों के चल रहे जाल को भेदने के लिए मैदान में उतार रखा है। सोनिका ने शहर में अवैध निर्माणों को चिन्हित कर उन्हें सील और उन पर बुलडोजर चलाने का खाका तैयार कर लिया है और वह बिना किसी राजनीतिक भय के जिस तरह से ईमानदारी के साथ अपने काम को अंजाम देने में लगी हुई है उसे देखकर राजधानीवासी भी यह कहने से नहीं चूक रहे कि पुष्कर की दुर्गा उन सभी माफियाओं का संहार करेंगी जो सरकारी जमीनों पर कब्जे और अवैध निर्माण कर उसे कम्पाउंडिंग कराने का खेल खेलने के सपने पाले हुये हैं? एक बडी इमारत पर बुलडोजर चलाने के लिए सोनिका ने फुलप्रुफ खाका बनाया तो कांग्रेस का एक बडा नेता सचिव को सम्भवत: अपनी हनक दिखाने की कोशिश में आगे आने का मन बनाये हुये है लेकिन सत्य की राह पर आगे चलने वाली पुष्कर की दुर्गा किसी भी सत्ताधारी से भयभीत नजर नहीं आती और उनका साफ कहना है कि उनका काम सबके साथ एक जैसा न्याय करने का है और इस न्याय को अंजाम तक पहुंचाने के लिए अगर उनकी कुर्सी भी चली जाये तो उन्हें कोई परवाह नहीं?
उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के कानों में काफी समय से एमडीडीए में हो रहे खेल की सूचनायें मिल रही थी जिसको लेकर आम आदमी तो एमडीडीए की कार्यशैली से अपने आपको ठगा महसूस करता आ रहा था और अवैध निर्माणों के सहारे बडे-बडे फ्लैट बनाने वाले बेखौफ होकर अपने गलत कामों को सही कराने के मिशन में सफल होते आ रहे थे जिसके चलते राज्य के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बेहद ईमानदार आईएएस अफसर सोनिका को जहां राजधानी का जिलाधिकारी बनाया वहीं उन्होंने उन्हें एमडीडीए सचिव की भी जिम्मेदारी सौंप दी। एमडीडीए की जिम्मेदारी मिलने के बाद सोनिका ने अवैध निर्माणों को चिन्हित करने का मिशन शुरू किया और एमडीडीए में साफ संदेश दे दिया कि अब उनके कार्यकाल में अवैध निर्माणों को कम्पाउंडिंग कराने का खेल नहीं हो पायेगा इसी के चलते उन्होंने एक बडी इमारत पर जब नजर डाली तो वह शुद्ध अवैध बनी हुई थी जिसके बाद सोनिका ने उस अवैध निर्माण को अपने दम पर सील कराया और साफ संदेश दे दिया कि चाहे कोई कितना भी बडा क्यों न हो अगर उसने गलत निर्माण किया है तो उस पर बुलडोजर चलना तय है।