देहरादून(संवाददाता)। सैनिक परिवार के बेटे पुष्कर सिंह धामी ने भारत सरकार द्वारा चलाई गई अग्निपथ योजना को देश में लागू किये जाने पर गर्व के साथ कहा कि इस योजना से उत्तराखण्ड के युवा जहां देश का नाम रौशन करेंगे वहीं उत्तराखण्ड का नाम भी देश के अन्दर गर्व से लिया जायेगा कि अग्निपथ वीर बनकर उत्तराखण्ड के युवा देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के सशक्त भारत निर्माण को एक नया बल देंगे। अग्निपथ योजना से उत्तराखण्ड के युवाओं में एक नया जोश भरने के लिए राज्य के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जहां युवा पीढी को इस योजना के लाभ से रूबरू कराया वहीं सेवा के उपरांत अग्नि वीरों को उत्तराखण्ड की सेवा में प्राथमिकता के साथ आपदा प्रबन्धन एवं चारधाम प्रबन्धन में सेवायें देने का ऐलान किया उसी का परिणाम है कि धामी के राज में उत्तराखण्ड बेहद शांत नजर आ रहा है और राज्य के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने साफ संदेश दिया है कि युवा पीढी इस योजना को गंभीरता से परखे और किसी के भी बहकावे में आकर वह अपने भविष्य के साथ खिलवाड न करे। देशभर के कई राज्यों में जहां अग्निपथ योजना को लेकर बवाल और अशांति चल रही है वहीं सैनिक पुत्र पुष्कर सिंह धामी पर राज्य की युवा पीढी एक बडा विश्वास रखकर राज्य का माहौल खराब करने से अपने आपको पीछे रखे हुये है और पुष्कर सिंह धामी का उत्तराखण्ड बेहद शांत और सुखद नजर आ रहा है।
भारत सरकार द्वारा अग्निपथ योजना को शुरू किए जाने के बाद देश के तमाम राज्यों में विरोध प्रदर्शन किया आग धधक रही है बिहार से लेकर उत्तर प्रदेश हरियाणा से लेकर पंजाब में लगातार प्रदर्शन और आगजनी की घटनाएं सामने आई हैं बिहार के तो हालात कुछ ऐसे हैं उग्र आंदोलनकारियों ने ट्रेन और रेलवे स्टेशन को भी आग के हवाले कर दिया लेकिन सबसे अधिक सेना में सैनिक देने वाला उत्तराखंड बेहद समझदारी से काम दे रहा है मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी खुद एक सैनिक के बेटे हैं लिहाजा उन्हें अपनी पूरी टीम और पुलिस प्रशासन को इस काम में लगाया हुआ है और शायद यही कारण है कि हल्द्वानी की घटना को अगर छोड़ दें तो 13 के 13 जिलों में अब तक कोई भी इस तरह की घटना सामने नहीं आई है मुख्यमंत्री लगातार अधिकारियों से युवाओं से संवाद करवा रहे हैं देहरादून के डीजीपी जिले के अधिकारियों से लेकर एसडीएम लगातार ऐसे छात्रों के ग्रुप में जाकर उनसे बातचीत कर रहे हैं जो कहीं ना कहीं भारतीय सेना की भर्ती से जुड़े हुए हैं तारीफ करनी होगी उसके विवेक और काम करने के तरीके की कितने बड़े राज्य में केंद्र सरकार की योजना के खिलाफ कोई भी इस तरह का प्रदर्शन अब तक नहीं हो पाया जिससे राज्य की छवि और कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े हो
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी क्योंकि सेना परिवार से आते हैं लिहाजा वह भी खुद युवाओं से संवाद कर रहे हैं मुख्यमंत्री दफ्तर में हो या सचिवालय में लगातार वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग और फोन के माध्यम से हर जिले में वह पूर्व सैनिक और उन लोगों से संपर्क में हैं जो लोग छात्रों को सेना में भर्ती करवाने के लिए प्रशिक्षण दे रहे हैं मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने वादा भी किया है कि अग्निपथ मैं काम करके आने वाले उत्तराखंड के युवाओं को विशेष तौर पर रियायत दी जाएगी उत्तराखंड पुलिस हो या फिर अन्य विभाग सबसे अधिक और सबसे पहले उन्हीं को वरीयता दी जाएगी जो लोग अग्निपथ के साथ जुड़े होंगे पुष्कर सिंह धामी ने कहा है कि केंद्र सरकार द्वारा इस फैसले से उत्तराखंड के युवाओं को बेहद फायदा होगा 4 साल की नौकरी के बाद जब युवा राज्य में आएंगे तो ना केवल उनके हाथ में पैसे होंगे बल्कि स्किल भी बेहद मजबूत होगी ऐसे में ना केवल वह अपने परिवार को बल्कि राज्य को भी अपना सहयोग दे पाएंगे।
