उत्तरकाशी(चिरंजीव सेमवाल )। दयारा बुग्याल को लेकर एक बार पुन: रैथल-बार्सू गांव की रार आमने सामने आ गई है। ग्राम प्रधान बार्सू देविन्ता रावत के नेतृत्व में एक शिष्टमंडल ने डीएम के माध्यम से प्रदेश के मुख्यमंत्री को ज्ञापन प्रेषित किया है।
ज्ञापन में कहा गया कि भटवाड़ी में भरनाला स्की लिफ्ट एवं दयारा के विकास को ग्राम प्रधान रैथल एवं ग्राम वासियों द्वारा अनावश्यक शिकायत किया गया उन्हें निरस्त किया जाय। दयारा बुग्याल के विकास हेतु उत्तराखण्ड सरकार एवं पयर्टन विभाग विगत कई वर्षों से प्रयासरत है जिसमें कई बार विशेषज्ञ एजेंसियों के माध्यम से विस्तृत सर्वे अध्ययन किया गया और पूर्व मुख्य सचिव , पूर्व पर्यटन सचिव द्वारा वासू भरनाला- वासू दयारा एवं स्थल गौई दयारा का स्थलीय निरीक्षण किया था। भरनाला में समस्त पर्यटन प्रेमियों को प्रशिक्षण देने की शासन द्वारा योजना बनाई गयी और इसे शासन द्वारा स्की लिफ्ट की स्वीकृति मिल चुकि थी। लेकिन रैथल गांव के प्रधान एवं ग्राम वासियों द्वारा उपरोक्त विकास कार्य में बाधा पहुंचाने के लिए अनेक प्रकार के भ्रामक सूचनाएं शासन को प्रेषित की गई जिसमें मुख्य रूप से पर्यटन विभाग की कार्यशैली एवं विशेषज्ञ एजेंसियों की निष्पक्षता पर प्रश्न चिह्न खड़े किये गये । ऐसी भ्रामक सूचनाओं के परिणाम स्वरुप भरनाला स्की लिफ्ट योजना शासन द्वारा निरस्त की गई। ज्ञापन में भूपेंद्र सिंह, धमेंद्र सिंह, रामचंद्र सिंह, जगमोहन सिंह रावत पूर्व अध्यक्ष कांग्रेस, जगमोहन रावत वरिष्ठ भाजपा नेता, राजवीर सिंह, नवीन, आदि हस्ताक्षर थे।
