पहाड़ के तीन जिलों में फटे बादल

0
165

मुख्यमंत्री ने बचाव-राहत के लिए संभाला मोर्चा
आपदा प्रभावितों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाये प्रशासन
मानसून सीजन तक अलर्ट मोड पर रहे सिस्टम
देहरादून। उत्तराखण्ड में मानसून बारिश ने कहर बरसा रखा है और उत्तरकाशी, चमोली और पौडी में बादल फटने से हुई तबाही को लेकर मुख्यमंत्री आपदा पीडितों के आंसू पोछने और उन्हें आर्थिक मद्द देने के लिए आगे बढे़ हुये हैं तथा युद्ध स्तर पर रेस्क्यू ऑपरेशन चलाकर आपदा पीडितों को सुरक्षित स्थानों पर रखा गया है तथा वहां खाने-पीने से लेकर दवाईयों का इंतजाम रात-दिन कर रखा है। अभी इस आपदा से मुख्यमंत्री उभर नहीं पाये थे कि रूद्रप्रयाग, चमोली और टिहरी के कुछ क्षेत्रों में बादल फटने से वहां हाहाकार मच गया। पहाड़ के तीन जिलों मंे बादल फटने की खबर के बाद मुख्यमंत्री ने सभी जनपदों में बचाव व राहत कार्य के लिए मोर्चा संभाल लिया और अधिकारियों को दो टूक संदेश दिया कि प्रभावित लोगों को तुरंत सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जाये और यह भी स्पष्ट किया कि पूरे मानसून सीजन तक शासन-प्रशासन अलर्ट मोड पर रहे।
जनपद रुद्रप्रयाग, चमोली और टिहरी के कुछ क्षेत्रों में बादल फटने की सूचना प्राप्त होते ही मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने संबंधित जिलों के जिलाधिकारियों से फोन पर वार्ता कर राहत एवं बचाव कार्यों को त्वरित गति से संचालित करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि प्रभावित लोगों को तुरंत सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाया जाए और किसी भी प्रकार की देरी न हो।
मुख्यमंत्री धामी ने आज मुख्यमंत्री आवास में आयोजित आपदा प्रबंधन की उच्चस्तरीय बैठक में अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रभावित क्षेत्रों में सभी मूलभूत सुविधाएं शीघ्र उपलब्ध कराई जाएं। सड़क, विद्युत एवं पेयजल आपूर्ति बाधित होने की स्थिति में उन्हें तत्काल सुचारू किया जाए। उन्होंने वर्चुअल माध्यम से रुद्रप्रयाग, चमोली और टिहरी के जिलाधिकारियों से बादल फटने की घटनाओं की विस्तृत जानकारी प्राप्त की तथा राहत एवं बचाव कार्यों में और तेजी लाने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि पूरे मानसून सीजन तक शासन और प्रशासन अलर्ट मोड पर रहे। जिलाधिकारियों द्वारा आपदा राहत कार्यों के लिए जो भी आवश्यक संसाधन और सुविधाएं अपेक्षित हों, उन्हें तत्काल उपलब्ध कराया जाए। साथ ही यह सुनिश्चित किया जाए कि प्रभावित परिवारों को निर्धारित मानकों के अनुसार मुआवजा शीघ्र उपलब्ध हो। बैठक में प्रमुख सचिव आर. मीनाक्षी सुंदरम, प्रमुख सचिव शैलेश बगोली, अपर पुलिस महानिदेशक ए. पी. अंशुमान, सचिव आपदा प्रबंधन विनोद कुमार सुमन, गढ़वाल आयुक्त विनय शंकर पांडेय तथा विशेष सचिव डॉ. पराग मधुकर धकाते उपस्थित रहे।

LEAVE A REPLY