गोदियाल का आरोप: सरकार भ्रष्टाचारियों को दे रही संरक्षण

0
127

देहरादून(संवाददाता)। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य एवं प्रदेश कांग्रेस कमेटी के पूर्व अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा है कि प्रदेश के कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी पर आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के मामले पर आज तक मंत्रिमंडल से जांच की अनुमति न दिया जाना दुर्भाग्यपूर्ण है और इससे साबित होता है कि सरकार मंत्री को बचाने व भ्रष्टाचार को संरक्षण देने का काम कर रही है जिसे किसी भी दशा में सहन नहीं किया जायेगा।
यहां कांग्रेस मुख्यालय राजीव भवन में पत्रकारों से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार के मंत्री भ्रष्टाचार कर रहे है और उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा है कि सरकार भ्रष्टाचारियों को संरक्षण देने का काम कर रही है और उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार निवारण के लिए बनाये गये कानून को बदलने की सरकार से मांग की है और उन्होंने दावा करते हुए कहा है कि प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनने पर भ्रष्टाचार निवारण के लिए बनाये गये कानून में बदलाव किया जायेगा जिससे भ्रष्टाचारियों पर त्वरित कार्यवाही हो सके।
उन्होंने कहा कि मनसा देवी मंदिर में हुई भगदड़ की घटना दुर्भाग्यपूर्ण है और लेकिन मंदिर में सुरक्षा व्यवस्था अधूरी रही और पुख्ता सुरक्षा व्यवस्था होने से वहां पर आठ लोगों को मौत को बचाया जा सकता था और पूरी घटना में मजिस्ट्रेट जांच नाकाफी है। उन्होंने कहा कि इस मामले की हाई कोर्ट के सीटिंग जज की निगरानी में जांच की जानी चाहिए। उन्होंने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि जब छोटे आयोजन पर ही व्यवस्थाएं अधूरी है तो बड़े आयोजन कैसे पूरे होंगें। इस अवसर उन्होंने सवाल उठाया है। उन्होंने कहा कि सरकार आगामी अर्धकुंभ, नंदा राजजात यात्रा की तैयारी एवं व्यवस्थाओं के लिए स्पष्टीकरण जारी करें। इस अवसर पर गोदियाल ने भाजपा सांसदों के गोद लिए हुए गांव पर सड़क तक नहीं है और कहीं पर विधायक निधि से सड़क बनाई जा रहे है और वहीं दूसरी ओर पीपीपी मोड पर चल रहे अस्पताल भी व्यवस्था विहीन है और 55० विद्यालयों को गोद देना सरकार की विफलता है और उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार शिक्षण संस्थान चलाने में अक्षम है और राजकीय विद्यालयों में कॉरपोरेट द्वारा गोद लेने में भ्रष्टाचार की संभावना है।
उन्होंने कहा कि सरकार पंचायत चुनावों के लिए नियमावली बनाए और विधानसभा से पास करें और उन्होंने कहा कि जिला पंचायत अध्यक्षों के रिजर्वेशन अब तक तय नहीं किया गया है जबकि ब्लॉक प्रमुखों के रिजर्वेशन तय हो चुके है और सरकार दोहरा मापदंड अपना रही है और एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि प्रदेश में धर्मांतरण कानून के बाद भी धर्मांतरण होना सरकार की विफलता है। उन्होंने कहा कि और अब सरकार कह रही है इस कानून को और सख्त बनाया जायेगा जो की हास्यास्पद है। इस अवसर पर पत्रकार वार्ता में प्रदेश प्रवक्ता डाक्टर प्रतिमा सिंह, इंटक युवा के प्रदेश अध्यक्ष व अधिवक्ता पंकज क्षेत्री, गिरीराज हिन्दवाण, अश्वनी बहुगुणा आदि उपस्थित रहे।

LEAVE A REPLY