प्रमुख संवाददाता
देहरादून। उत्तराखण्ड की वादियों में हमेशा भ्रष्टाचार, घोटाले, माफियागिरी, अपराध का ही शोर चारो तरफ मचता था जिसको लेकर राज्य की जनता में बस एक ही अफसोस रहता था कि क्या इसलिए राज्य का निर्माण हुआ था कि उन्हें पूर्व की भांति आज भी वही दंश झेलना पडेगा जो वर्षों से झेलते आ रहे थे। हालांकि राज्य में पुष्कर सिंह धामी का जब सत्ता पर उदय हुआ तो किसी को इस बात का इल्म ही नहीं था कि एक युवा मुख्यमंत्री उत्तराखण्ड की तकदीर और तस्वीर दोनो ही बदलने का हौसला दिखा पायेगा। एक साल के भीतर जिस तरह से राज्य के मुख्यमंत्री ने देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के साथ मिलकर उत्तराखण्ड के विकास को लेकर एक नये युग का आरम्भ किया है उससे राज्य की जनता के मन में पुष्कर सिंह धामी और उनकी किचन टीम को लेकर जो विश्वास पैदा हुआ है उससे साफ नजर आ रहा है कि अब आने वाले समय में राज्यवासियांे को एक नया उत्तराखण्ड देखने को मिलेगा जिसकी कल्पना वह बाइस सालों से अपने दिमाग में पाले हुये थे।
उत्तराखण्ड की कमान जबसे पुष्कर ंिसह धामी के हाथों में आई है तो उन्होंनेे राज्यवासियों को वो दृश्य दिखा दिया जिसे देखने के लिए वह बाइस सालों से इंतजार करते आ रहे थे। बच्चों से लेकर बूढों तक को अपने हृदय से लगाने वाले पुष्कर सिंह धामी ने अपनी स्वच्छ सत्ता से मात्र एक साल के भीतर ही देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का विश्वास जीत लिया और यह विश्वास इतना बडा दिखाई दे रहा है कि अब देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पुष्कर सिंह धामी को अपना छोटा भाई कहकर भी राज्य में सम्बोधित करते हुए नजर आये थे। उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री ने राज्य के विकास को लेकर जो एक नये युग का आरम्भ किया है उससे राज्यवासियों के चेहरे हर दिन खिलखिला रहे हैं और उन्हें उम्मीद है कि मोदी और पुष्कर की जुगल जोडी उत्तराखण्ड को आदर्श राज्य बनाकर उन्हें एक बडा तोहफा देगी।