विकासनगर(संवाददाता)। उत्तराखण्ड जनसंघर्ष मोर्चा आवाम की पसंद बनता जा रहा है क्योंकि वह उनके मुद्दों को लेकर जिस तरह से मुख्यमंत्री और शासन में अफसरों से रूबरू होकर उन्हें जनहित के मुद्दों को पंख लगाने के लिए अपने कदम आगे बढ़ा रखे हैं उससे आज वह पछुवादून में आवाम की पहली पंसद बन गये हैं। अस्पतालों में बेहतर इलाज से लेकर तहसील में बुजुर्गों और दिव्यांगों को घरों पर ही पेंशन भिजवाने की लडाई में सफलता की सीढी चढी है उससे हर तरफ उनकी शान में आवाम कसीदे पढ़ता हुआ नजर आ रहा है। विकासनगर के पशु चिकित्सालय में रेडियोलॉजिस्ट, लैब टेक्नीशियन न होने की वजह से मशीनें धूल फांक रखी थी तो मोर्चे के अध्यक्ष ने अपनी टीम के साथ पशुपालन विभाग के सचिव से मुलाकात कर उन्हें जल्द से जल्द अस्पताल में अल्ट्रासाउंड, एक्स-रे सुविधा की मांग की थी जिस पर उनकी मांग को शासन ने हरी झंडी दी और अब पशुपालकों के लिए चिकित्सालय में अल्ट्रासाउंड और एक्स-रे सुविधा देकर उनके चेहरे पर एक नई खुशी ला दी है। अस्पताल परिसर में शल्य चिकित्सा और खून जांच के सभी उपकरण उपलब्ध होने के कारण पशुपालकों को एक बडी राहत दी गई है जिसके बाद पशुपालकों बोले वैल्डन रघुनाथ।
पशु चिकित्सालय, विकासनगर में पशुपालकों को अल्ट्रासाउंड, एक्स-रे सुविधा मिलने की खुशी में जन संघर्ष मोर्चा अध्यक्ष एवं जीएमवीएन के पूर्व उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी ने मोर्चा टीम के साथ चिकित्सालय पहुंचकर व्यवस्थाएं परखीं तथा चिकित्सालय में हो रहे एक्स-रे की संख्या देख खुशी जताई। फिलहाल तकनीकी खराबी के चलते अल्ट्रासाउंड नहीं हो पा रहे हैं, शीघ्र ही यह सुविधा भी पशुपालकों को मिलने लगेगी। यह मोर्चा की बहुत बड़ी जीत है। उक्त मामले में स्थानीय चिकित्सक को ही प्रशिक्षण दिया गया, जिसके चलते अल्ट्रासाउंड, एक्स-रे आदि सुविधाएं पशुपालकों को मिलने लगी।
नेगी ने कहा कि पशु चिकित्सालय, विकासनगर में पूर्व में अल्ट्रासाउंड, एक्स-रे सुविधा मशीन होने के बावजूद पशुपालकों को सुविधा नहीं मिल पा रही थी, जिसके संबंध में मोर्चा के आग्रह पर सचिव, पशुपालन विभाग बीवीआरसी पुरुषोत्तम ने निदेशक, पशुपालन, डॉ. नीरज सिंगल को पशु चिकित्सालय, विकास नगर की व्यवस्थाएं परखने के निर्देश दिए,जिसके क्रम में निदेशक सिंगल व मोर्चा अध्यक्ष नेगी तथा टीम ने पशु चिकित्सालय में बिना रेडियोलॉजिस्ट व लैब टेक्नीशियन के लाखों रुपए मूल्य की वर्षों से धूल फांक रही अल्ट्रासाउंड, एक्सरे मशीन मामले में व्यवस्थाएं परखी तथा अस्पताल में व्याप्त तमाम अव्यवस्थाओं के बारे में भी जायजा लिया था। नेगी ने कहा कि क्षेत्र के एकमात्र प्रमुख पशु चिकित्सालय पर निर्भर पशुपालक एवं पेट लवर्स अपने पालतू पशुओं का समुचित इलाज नहीं कर पा रहे थे तथा उनको इधर-उधर भटकना पड़ता था। उक्त के अतिरिक्त चिकित्सालय में कई अन्य सुविधाओं का भी अभाव बना हुआ था। नेगी ने कहा कि अस्पताल परिसर में शल्य चिकित्सा केंद्र में अल्ट्रासाउंडध् एक्स-रे मशीन व खून जांच किए जाने संबंधी सभी उपकरण उपलब्ध हैं, लेकिन इन सब जांचों (टेस्ट) को करने वाला कोई नहीं था। विकासनगर के पशु चिकित्साधिकारी डॉ. सुनील कुमार गुप्ता फार्मासिस्ट बर्थवाल व मोर्चा के दिलबाग सिंह, प्रवीण शर्मा पिन्नी, हाजी असद, भीम सिंह बिष्ट, प्रमोद शर्मा व अतुल हांडा मौजूद थे।

