हरिद्वार। उत्तराखंड के युवा मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के कार्यों से कावड़ियों उनको धर्म रक्षक धामी की संज्ञा दे दी हैं। कावड़ियों का कहना है कि जब से उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्करसिंघ धामी बने है तब से उनके नेतृत्व में होने वाले इस कावड़ मेले की व्यवस्थाओं तथा प्रशासन के सहयोग की जितनी तारीफ की जाए कम है। पूरे मार्ग में पथ प्रकाश व्यवस्था हो या भोजन पानी की व्यवस्था या हो मेडिकल की व्यवस्था सभी को लेकर हर बार संतुष्टि मिलती ही है। मेरठ से आये कावड़िये राजू कश्यप का कहना है कि हम कई बार से आते हैं लेकिन कभी ऐसी व्यवस्था नही मिलती थी। अब तो धामी जी चरण धोते दिखते हैं, हैलीकॉप्टर से फूल बरसाते हैं। पुलिस पहले लाठियां चलाती थी बात बात पर अब फल फ्रूट ओर जूस पिला रहे हैं। भंडारे की व्यवस्था भी बढ़िया है।
दिल्ली शाहदरा से आई पूनम वर्मा का कहना है कि सफाई की व्यवस्था धामी जी बहुत अच्छे से करवा रहे हैं लेकिन हमारे भोलो को भी इसमें सहयोग करना चाहिए। बागपत से आये रवि मलोट का कहना का कहना है कि धामी जी के बारे में जो हम अब तक सुनते थे कि वो बहुत धाकड़ है ओर अधिकारियों से बढ़िया काम लेते हैं वो हमने हरिद्वार में आकर प्रत्यक्ष देख भी लिया। पहले रास्ते पर भटकते थे अब हर जगह जाने पर बोर्ड भी लगा दिए और हर चौराहे पर पूछताछ केंद्र भी बनाने से सहयोग मिलता हैं। लोनी के आकाश चांडक का कहना है कि हम गोमुख से गंगाजल लेकर आ रहे हैं हम आने से पहले डर रहे थे कि इतनी बरसात के बाद कैसे पहाड़ों पर चढ़ेंगे लेकिन आराम से पूरी यात्रा करके हरिद्वार पहुंचे हैं अब लोनी में अपने जलेश्वर महादेव पर जल चढ़ाएंगे।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के कार्यकाल में कावड़ मेले में पहली बार ड्यूटी कर रहे पुलिसकर्मी भी खुश हैं उनका कहना हैं कि लगातार हमारे भोजन पानी की व्यवस्था समय पर हो रही हैं। इतनी भीड़ के बाद भी हमारा ध्यान रखना उसके लिये सभी उच्चाधिकारियों को मेनुप्लेट कर रहे हैं।
एक वरिष्ठ पुलिसकर्मी का तो कहना है कि हमने उस समय भी ड्यूटी दी है जब चौबीस घंटे में कोई पानी पूछने भी नही आता था।
श्री गंगा सभा रजि० हरकीपैडी के सचिव उज्ज्वल पंडित का कहना है कि यह बहुत चुनौतियों से भरा मेला होता हैं। करोड़ों की संख्या में केवल ओर केवल युवा वर्ग आता है ऐसे में हुड़दंग की संभावना लगातार बनी रहती है उसके बाद भी जिस धैर्यता के साथ प्रशासन कार्य कर रहा है उसके लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा उनका उत्साहवर्धन करना ही इस ऊर्जा का संचार करता रहता है।

