देहरादून(नगर संवाददाता)। महानगर सिटी बस सेवा महासंघ सहित सभी यूनियनों ने आरटीओ देहरादून सुनील शर्मा के भ्रष्टाचार में लिप्त होने पर जोरदार नारेबाजी के बीच प्रदर्शन कर पुतला फूंककर अपना विरोध दर्ज किया और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से जांच किये जाने की मांग की है। इस अवसर पर कहा गया कि आरटीओ (प्रशासन) देहरादून द्वारा परमिट जारी करने में किए गए भ्रष्टाचार की जांच किये जाने को प्रशासनिक अधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन प्रेषित किया गया।
यहां महासंघ के अध्यक्ष विजयवर्धन डंडरियाल के नेतृत्व में सभी यूनियनों के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता लैंसडाउन चौक पर इकटठा हुए और वहां पर दून आरटीओ सुनील शर्मा के भ्रष्टाचार में लिप्त होने पर जोरदार नारेबाजी के बीच प्रदर्शन कर पुतला फूंका। इस अवसर पर डंडरियाल ने कहा कि आरटीओ पर यूनियनों ने भ्रष्टाचार के आरोप लगाए गए हैं किस तरह यह अधिकारी ट्रांसपोर्ट व्यवसाय से जुड़े लाखों लोगों को बेरोजगार कर रहा है। इस अवसर पर महासंघ अध्यक्ष विजयवर्धन डंडरियाल ने कहा कि झाझरा से रायपुर के लिए आरटीओ देहरादून द्वारा 17 अप्रैल को बसों को टेंपरेरी परमिट दिए गए जिसका अधिकार आरटीओ को बिना आरटीए से पावर डेलीगेट लिए नहीं हैं लेकिन आरटीओ द्वारा कहा गया यह अधिकार मेरे पास है जो कि समाचार पत्रों में भी छपा था, लेकिन 29 अप्रैल को फिर अपने पुराने आदेश के बाद नया आदेश में अर्बन मोबोलिटी में इस झाझरा रूट को दर्शा कर परमिट दिए गए जबकि अर्बन मोबिलिटी प्लान के अध्यक्ष मुख्यमंत्री है और मोबिलिटी प्लान में यह झाझरा बस रूट अंकित नहीं है।
उन्होंने कहा कि किन अधिकारियों द्वारा आरटीओ को इतनी छूट दी गई है कि यह मनमर्जी से अपने आप अनाप-शनाप फैसले लिए जा रहे हैं रहे हैं। उन्होंने कहा कि आरटीओ द्वारा अपनी मर्जी से झाझरा से रायपुर मार्ग की बसों की सभी गाडिय़ों का टैक्स माफ किया गया लेकिन बाद में कहा गया है की गाड़ी वालों से एक एफिडेविट ले लिया जाए कि यदि इसमें टैक्स लगेगा तो इनसे टैक्स लिया जाएगा तो क्या आरटीओ को ज्ञान नहीं है। उन्होंने कहा कि आरटीए, आरटीओ देहरादून द्वारा विक्रम को बदलकर द्वारा पेट्रोल के टाटा मैजिक दिए जा रहे हैं जबकि ग्रीन ट्रिब्यूनल के अनुसार देहरादून में सीएनजी वाहनों को एवं इलेक्ट्रिक वाहनों को प्रतिस्थापित किया जाना है जबकि सीएनजी गाड़ी 8० प्रतिशत प्रदूषण डीजल, पेट्रोल गाड़ी से कम करती है यहां डीलर को फायदा पहुंचाया जा रहा है और खुलेआम भ्रष्टाचार हो रहा है
उन्होंने कहा कि आरटीओ देहरादून सुनील शर्मा का ट्रांसफर एक वर्ष पूर्व ही पौडी से देहरादून में आरटीओ ( प्रवर्तन) के पद पर हुआ लेकिन इनके बाद इसी आरटीओ कार्यालय में इनकी नियुक्ति आरटीओ (प्रशासन) में की गई जबकि इन्हें नियमावली के विरुद्ध नियुक्त किया गया। इसकी भी जांच कराने चाहिए, उन्होंने कहा कि जो वाहन सरेंडर नहीं है उनसे टैक्स वसूले जाने का प्रावधान है परंतु आरटीओ सुनील शर्मा द्वारा झाझरा से रायपुर की बसों का बगैर सरेंडर करे ही टैक्स माफ किया जाना भ्रष्टाचार का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि आरटीए, आरटीओ द्वारा टाटा मैजिक मैक्सी कैब 9 ़1 को स्टेज कैरिज बस का परमिट दिया गया है जबकि यह नियमावली के अनुसार 135 से 16० के विरुद्ध स्टेज केरिज परमिट जारी करना न्याय विरुद्ध है। उन्होंने कहा कि जिन छोटी गाडिय़ां स्टेज कैरिज बस परमिट दिए गए हैं इनका विवाद न्यायालय में योजित हैं यदि फैसला इनके विरूद्ध आएगा तो कम से कम वर्तमान में 6०० से 7०० गाडिय़ां खड़ी हो जाएगी उनके परिवार की भूखे मरने की नौबत आएगी तो इसके लिए आरटीओ को जिम्मेदार ठहराया जाए।
उन्होंने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से आग्रह किया है कि आरटीओ सुनील शर्मा के विरुद्ध जांच समिति गठित की जाए और जांच के दौरान इनका ट्रांसफर दूसरे संभाग में करने के निर्देश सचिव परिवहन को दिए जाये। इस अवसर पर पुतला फूंकने वालों में विक्रम जन कल्याण समिति देहरादून संजय अरोड़ा,दून ऑटो रिक्शा यूनियन राम सिंह, देहरादून ट्रक ऑपरेटर एसोसिएशन अशोक ग्रोवर,टाटा मैजिक यूनियन गणेश बाबू देवभूमि ट्रक ऑपरेटर कल्याण समिति हरेंद्र बालियान, टैक्सी यूनियन देहरादून राजीव कक्कड़,राज्य आंदोलनकारी मंच प्रदीप कुकरेती परेड ग्राउंड गढ़ी प्राइवेट बस ऑपरेटर यूनियन संजय रावत,परेड ग्राउण्ड प्रेमनगर परवल झाझरा के सचिव रूपेश कुल्हान सहित अन्य यूनियनों के पदाधिकारी व कार्यकर्ता शामिल रहे।