देहरादून(गर संवाददाता)। प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष करन माहरा ने कहा कि भाजपा सरकार के कार्यकाल की सबसे बडी उपलब्धि भ्रष्टाचार, बिगडती कानून व्यवस्था, बेलगाम नौकरशाही, प्रदेश में बढ़ती नशे की प्रवृत्ति, बेरोजगारी, महिलाओं व दलितों का उत्पीडऩ है। माहरा ने आरोप लगाया है कि आज असहिष्णुता, असहनशीलता राज्य की पहचान बनती जा रही है और उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि शराब तथा खनन माफियाओं को पुलिस का संरक्षण मिला हुआ है। यहां कांग्रेस मुख्यालय में पत्रकारों से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि सरकार की विफल योजनाओं और भ्रष्टाचार के अनेक घोटाले राज्य में हुए है और सरकार ने उन पर पर्दा डालने का काम किया है। उन्होंने कहा कि सरकार जनहित की योजनाओं से जुड़े बजट को खर्च नहीं कर पा रही है और प्रदेश के अंदर युवा बेरोजगार लाठी खाने को मजबूर हैं। उन्होंने कहा कि सरकार रोजगार देने में नाकाम रही है। माहरा ने कहा है कि सरकारी नौकरियों की विज्ञप्तियों में लगातार धांधली हो रही है, जिससे राज्य के युवा हताश हैं।
उन्होंने कहा कि उत्तराखंड अब पेपर लीक मामलों में सबसे आगे है, फिर भी सरकार अपनी पीठ थपथपा रही है। उन्होंने कहा कि सरकार ने अपने वित्तीय कुप्रबंधन से जनता पर कर्ज का बोझ लाद दिया गया है। उन्होंने कहा कि आज यह सरकार उत्तराखंड के इतिहास में सबसे ज्यादा कर्ज लेने वाली सरकार साबित होगी। प्रदेश पर एक लाख करोड़ से भी ज्यादा कर्ज है। उन्होंने कहा कि विकास के सारे काम ठप्प पड़े हैं। उन्होंने कहा कि बस सरकार हर महीनें कर्ज पर कर्ज ले रही है। उन्होंने कहा कि इस कर्ज से सरकार राज्य की उत्पादकता नहीं बड़ा रही है। माहरा ने कहा कि डबल इंजन सरकार विकास कार्यों की पटरी पर बजट खर्च करने में लडख़ड़ा गई है। उन्होंने कहा कि आंकड़े गवाही दे रहे हैं कि मूल बजट का सिर्फ 5० प्रतिशत और कुल बजट का मात्र 45 प्रतिशत ही खर्च हुआ है। उन्होंने कहा कि यह आंकड़े स्पष्ट करते हैं कि सरकार के दावे खोखले हैं और सरकार की अकर्मण्यता जनता की उम्मीदों पर पानी फेर रही है। माहरा ने कहा कि भाजपा सरकार के तीन साल के कार्यकाल की सबसे बड़ी उपलब्धि भ्रष्टाचार, बिगड़ती कानून व्यवस्था, बेलगाम नौकरशाही, प्रदेश में बढ़ती नशे की प्रवृत्ति, बेरोजगारी, महिलाओं और दलितों का उत्पीडन है। उन्होंने कहा कि आज असहिष्णुता, असहनशीलता राज्य की पहचान बनती जा रही है। उन्होंने कहा कि तीन सालों में राज्य ने पाया कुछ नहीं सिर्फ खोया है, सरकार के कार्यकाल में विकास ठप्प है। बेरोजगारी बढ़ी है। किसान परेशान है और सरकार के कामकाज से जनता में काफी निराशा है।
उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार सेवा दिवस के नाम जनता के टैक्स की गाड़ी कमाई को लुटाने का काम कर रही है और अपनी झूठी उपलब्धियां गिनाकर जनता को गुमराह करने की कोशिश कर रही है, जबकि हकीकत यह है कि राज्य भ्रष्टाचार का मॉडल बन चुका है। उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार से जनता त्रस्त है। उन्होंने कहा कि सरकार ने भ्रष्टाचार के नए झंडे गाड़े हैं। उन्होंने कहा कि खनन, आबकारी, के ठेकों में भ्रष्टाचार का इतना बड़ा मेकैनिज्म बना डाला है कि विभाग के अधिकारी अब यह तय करने लगे हैं कि कौन सा ठेका किसको दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि मंत्री उस पर अपनी निगाह रखते हैं। माहरा ने कहा है कि शराब और खनन माफिया को पुलिस का संरक्षण मिला हुआ है। उन्होंने कहा कि हरियाणा और चंडीगढ़ से शराब अवैध रूप से उत्तराखंड के दूरदराज के हिस्सों में पहुंच रही है। माहरा ने कहा है कि आज प्रदेश में आम जनता बिना रिश्वत दिए कोई काम नहीं करा सकती है और कमीशनखोरी इतनी बढ़ गई है कि अब भ्रष्टाचार गूगल पे और पेटीएम के जरिए हो रहा है। उन्होंने कहा कि बड़ी कंपनियों ने छोटे व्यवसायों के अवसर खत्म कर दिए हैं, और निर्माण कार्य मानकों के खिलाफ हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि सड़कों की हालत इतनी खराब है कि डामरीकरण दो महीने भी नहीं टिक पा रहा। उन्होंने कहा कि बरसात में बिना गुणवत्ता वाले पुस्ते भरभराकर गिर जाते हैं, जिससे जनता की मेहनत की कमाई बर्बाद हो रही है।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री शिकायत प्रकोष्ठ 19०5 निष्क्रिय पड़ा है, जहां जनता की शिकायतों का न तो समाधान हो रहा है और न ही सुनवाई और अधिकारी बिना जांच किए शिकायतें डिलीट कर रहे हैं, और सरकार उनकी पीठ थपथपा रही है। उन्होंने कहा कि बीजेपी सरकार किसानों की आय 2०22 तक दोगुनी करने की बात कह रही थी, लेकिन किसानों की दोगुनी आए आज तक नहीं हो सकी है. प्रदेश के हालात यह है की शराब सस्ती हो गई है लेकिन डीजल, खाद और बिजली-पानी का बिल, सभी महंगी हो गया हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश में किसान भी पूरी तरह से खुद असहाय महसूस कर रहा है। इस अवसर पर पत्रकार वार्ता को पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत, नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह, मुख्य प्रवक्ता गरिमा मेहरा दसौनी, शीशपाल सिंह बिष्ट एवं डाक्टर प्रतिमा सिंह ने भी संबोधित किया।