चंद्र प्रकाश बुड़ाकोटी
देहरादून। दून शहर में शराब के ठेकों पर ग्राहकों को मनमाने दामों, ओवर रेट पर शराब बेची जा रही है। आबकारी विभाग भी मनमानी रोकने के कोई कदम उठाता नजर नही आ रहा है। जिले में आबकारी विभाग के घृतराष्ट्र बनने से शराब ठेकेदार शराब के शौकीनों को लूट रहे हैं। खुलेआम तय रेट से ज्यादा पर शराब बेची जा रही है। यहां तक कि बिल मांगने या बहस करने पर गाली-गलौज की जाती है। सवाल यह है कि देहरादून में जहाँ सरकार से लेकर पूरा शासन तंत्र है आबकारी बिभाग के बड़े अफसरो की फौज। फिर शराब ओवर रेट में कैसे बिक रही है?
शहर में काफी शराब दुकान संचालक आबकारी विभाग के कायदे कानूनों को भी ठेंगा दिखा रहे है। निर्धारित नियमो की उंन्हे कोई परवाह नही है। आबकारी विभाग भी इनका अनुपालन करवाने में दिलचस्पी नही ले रहा। शराब की दुकानों पर अलग-अलग ब्रांड की मदिरा की रेट लिस्ट भी नही लगाई है। ऐसा नही है कि यह तस्वीर सिर्फ एक दुकान की हो अधिकांश में यही स्थिति है। ऐसे में शराब दुकानों में प्रिंट रेट से बीस पंचीस रुपये अधिक दामों में शराब बेची जा रही है? व्हिस्की रम हो या वियर हर ब्रांड की शराब पर अधिक वसूली हो रही है? ग्राहक अधिक दाम वसूले जाने पर आपत्ति करे तो ग्राहकों को धमकाया भी जाता है। ऐसा नही की इसकी शिकायते नही होती। सूत्र बताते है कि हर रोज आबकारी अफसरों को लोग फोन करते है लेकिन कारवाही कभी नही हुई। जिले में आबकारी विभाग के कुछ अफसरों की चुप्पी के चलते शराब ठेकेदार मिलकर खरीदारों को लूट रहे हैं? खुलेआम तय रेट से ज्यादा पर शराब बेची जा रही है। एक ग्राहक राजू ने बताया कि शनिवार शाम को ही रायपुर के ठेके से चार वियर ली हर बियर पर बीस रुपये अधिक लिए गए। धरमपुर के श्यामसिंह कहते है आराघर ठेके में तो हर बोतल पर अधिक देना होता है। यही नही बिल मांगने या बहस करने पर गाली गलौज की जाती है। भारी भरकम आबकारी विभाग होने के बाबजूद ग्राहक लुट रहे है और शराब कारोबारियों की चांदी हो रही है? हैरानी वाली बात है कि जिस दून में सरकार से लेकर शासन तक मौजूद है वहां अगर अधिकांश शराब की दुकानों पर शराब ठेकेदार ओवर रेटिंग का खुला खेल खेलने में जुटे हुये हैं तो उससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि राज्य के अन्दर आबकारी विभाग के अफसरों का शराब ठेकेदारों को कोई भय नहीं है? अगर इसी तरह से ओवर रेटिंग का खेल चलता रहा तो फिर राज्य के अन्दर सरकार कैसे स्वच्छ प्रशासन देने का दम भर रही है यह अपने आपमें एक बडा सवाल खडा हो गया है?
